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निम्न में से ____ सन् 1965 में साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता डॉ. नगेन्द्र की है।
आँगन के पार द्वार
रस सिद्धांत (विवेचना)
मुक्तिबोध
प्रेमचंदः कलम का सिपाही
रस सिद्धांत (विवेचना)
सन् 1965 में साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता डॉ. नगेन्द्र का काव्य ग्रंथ 'रस सिद्धांत (विवेचना)' है। यह किताब काव्य और रस सिद्धांतों का गहन अध्ययन प्रस्तुत करती है।
सन् 1965 में साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता डॉ. नगेन्द्र का काव्य ग्रंथ 'रस सिद्धांत (विवेचना)' है। यह किताब काव्य और रस सिद्धांतों का गहन अध्ययन प्रस्तुत करती है।
डॉ. नगेन्द्र हिंदी भाषा के प्रमुख आलोचकों में गिने जाते हैं।
उनका योगदान साहित्यिक और शैक्षिक क्षेत्रों में अत्यंत महत्वपूर्ण है।
साहित्य अकादमी पुरस्कार साहित्य के क्षेत्र में उच्च सम्मान है।
| Parameter | Detail |
|---|---|
| Also Known As | डॉ. नगेन्द्र काव्यशास्त्र के विशेषज्ञ रहे हैं। |
| Location / Dates | साहित्य अकादमी पुरस्कार 1965 |
| Wrong Options Explained | Option A = 'आँगन के पार द्वार' एक उपन्यास है, जो विभुसित नाटकात्मकता का वर्णन करता है; Option C = 'मुक्तिबोध' एक कवि है, उनकी रचनाएँ समाज और जीवन पर गहन चिंतन करती हैं; Option D = 'प्रेमचंदः कलम का सिपाही' प्रेमचंद की जीवनी है। |
B is correct — डॉ. नगेन्द्र का सन् 1965 में साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता ग्रंथ 'रस सिद्धांत (विवेचना)' है।
साहित्य अकादमी पुरस्कारों को समझने के लिए, भारतीय साहित्य के अन्य महत्वपूर्ण पुरस्कारों और उनके विजेताओं का अध्ययन करें, जैसे ज्ञानपीठ पुरस्कार।