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समापन कोण (Angle of closure) कैसे ज्ञात किया जाता है?
tanθ=ΣLΣD
tanθ=LD
tanθ=DL
tanθ=ΣDΣL
tanθ=ΣLΣD
किसी बंद ट्रैवर्स (closed traverse) में समापन कोण (angle of closure या समापन त्रुटि की दिशा) वह कोण θ होता है जिसकी स्पर्शज्या (tangent) डिपार्चर की कुल त्रुटि (ΣD) और अक्षांश (latitude) की कुल त्रुटि (ΣL) के अनुपात के बराबर होती है। यह समापन त्रुटि रेखा के कोणीय दिकमान (angular bearing) को परिभाषित करता है।
किसी बंद ट्रैवर्स (closed traverse) में समापन कोण (angle of closure या समापन त्रुटि की दिशा) वह कोण θ होता है जिसकी स्पर्शज्या (tangent) डिपार्चर की कुल त्रुटि (ΣD) और अक्षांश (latitude) की कुल त्रुटि (ΣL) के अनुपात के बराबर होती है। यह समापन त्रुटि रेखा के कोणीय दिकमान (angular bearing) को परिभाषित करता है।
tanθ=ΣLΣD — समापन कोण (समापन त्रुटि की दिशा)
e=(ΣD)2+(ΣL)2 — रेखीय समापन त्रुटि
$\text{सापेक्ष समापन त्रुटि} =परिमापe — ट्रैवर्स की परिशुद्धता
जब क्षेत्र प्रेक्षणों का उपयोग करके एक बंद ट्रैवर्स का आलेखन किया जाता है, तो डिपार्चर का कुल योग (ΣD) और अक्षांशों का कुल योग (ΣL) सैद्धांतिक रूप से शून्य के बराबर होना चाहिए। प्रेक्षण त्रुटियों के कारण, ΣD=0 और ΣL=0 होता है। परिणामी समापन त्रुटि e, e=(ΣD)2+(ΣL)2 द्वारा दी जाती है, और याम्योत्तर (meridian) के सापेक्ष इसकी दिशा θ को tanθ=ΣLΣD का उपयोग करके निर्धारित किया जाता है।
अक्षांश (L) उत्तर-दक्षिण याम्योत्तर पर एक ट्रैवर्स रेखा का प्रक्षेप है (L=lcosθ)।
डिपार्चर (D) पूर्व-पश्चिम लंबवत रेखा पर एक ट्रैवर्स रेखा का प्रक्षेप है (D=lsinθ)।
पूर्णतः बंद ट्रैवर्स के लिए, ΣL=0 और ΣD=0 होता है।
θ का चतुर्थांश (quadrant) ΣD और ΣL के बीजगणितीय चिह्नों पर निर्भर करता है।
टोटल स्टेशन और थियोडोलाइट ट्रैवर्सिंग में त्रुटि वेक्टर की दिशा निर्धारित करना।
बंद ट्रैवर्स को समायोजित करने के लिए बाउडिच (Bowditch) या ट्रांजिट नियम का उपयोग करके सुधार लागू करना।
विकल्प B (tanθ=LD) एक व्यक्तिगत रेखा का दिकमान (bearing) देता है, न कि ट्रैवर्स की समापन त्रुटि।
विकल्प C (tanθ=DL) रेखा के दिकमान कोण के कोटैंजेंट (cotangent) को दर्शाता है।
विकल्प D (tanθ=ΣDΣL) में अंश और हर उल्टे हुए हैं।
A सही है — समापन कोण θ की गणना tanθ=ΣLΣD का उपयोग करके की जाती है, जहाँ ΣD कुल डिपार्चर त्रुटि है और ΣL कुल अक्षांश त्रुटि है।
याद रखें कि tanθ=उत्तर-दक्षिण त्रुटिपूर्व-पश्चिम त्रुटि=ΣLΣD होता है। यह गणितीय रूप से कार्टेशियन समतल पर tanθ=xy के साथ सुसंगत है जहाँ डिपार्चर X-अक्ष और अक्षांश Y-अक्ष के अनुरूप होता है।